ग्राम समाचार, गोड्डा ब्यूरो रिपोर्ट:- समाहरणालय स्थित कार्यालय प्रकोष्ठ में जिला दंडाधिकारी सह उपायुक्त गोड्डा अंजली यादव के द्वारा जिला बाल संरक्षण कार्यालय की समीक्षा बैठक आहूत की गई। बैठक के दौरान देखरेख एवं संरक्षण की आवश्यकता की श्रेणी वाले बच्चों की पहचान करने, स्पॉन्सरशिप योजना से लाभान्वित होने वाले बच्चों की संख्या में बढ़ोतरी करने, एकल अभिभावक वाले बच्चे एवं अनाथ बच्चों को योजनाओं से आच्छादित किए जाने एवं बाल विवाह, बाल संरक्षण तथा बच्चों से जुड़े अन्य मामलों पर समीक्षा कर आवश्यक दिशा -निर्देश दिए गए। उपायुक्त ने स्पॉन्सरशिप योजना के तहत लाभुकों की संख्या बढ़ाने के उद्देश्य से जिला बाल संरक्षण पदाधिकारी को आपदा/परिवहन विभाग से समन्वय स्थापित कर हाल के दिनों में दुर्घटना में मृत हुए पुरुष जिनका उम्र (18 से 45 वर्ष के बीच हो) उसे चिन्हित कर वैसे परिवार को योजना से जोड़ने का निर्देश दिया गया साथ ही दसवीं के बाद ड्रॉप आउट हुए किशोरियों को चिन्हित कर उनके ड्रॉप आउट होने के कारणों की पता लगाने का निर्देश जिला बाल संरक्षण कार्यालय को दिया गया। बैठक में पीएमकेयर से आच्छादित महामारी के दौरान हुए अनाथ की वर्तमान स्थिति का जायजा लिया गया। स्पॉन्सरशिप एवं फोस्टर केयर योजना की प्रगति की समीक्षा करते हुए कहा कि आपदा, आगजनी एवं सड़़क दुर्घटना में मृत व्यक्ति के जरूरतमंद नाबालिग बच्चों को भी इस योजना से जोड़ा जाय। इस निमित्त आपदा विभाग को जिला बाल संरक्षण इकाई के साथ समन्वय स्थापित कर कार्य करने का निदेश दिया गया। बैठक में बाल विवाह पर व्यापक चर्चा करते हुए, एक्शन प्लान तैयार कर अभियान चलाने का निदेश दिया गया। उन्होंने कहा कि संभावित तिथि को हॉट स्पॉट्स में छापामारी अभियान चलाया जाय। साथ ही, शिक्षा विभाग को ड्राप आउट बच्चों पर निगरानी रखने, सूची साझा करने एवं संभावित मामलों में पहल कर, संबंधित हितधारकों के साथ समन्वय स्थापित कर बाल विवाह रोकथाम हेतु सघन अभियान चलाने के निर्देश दिए गए।इस बैठक में नोडल पदाधिकारी अभय कुमार झा, प्रभारी जिला बाल संरक्षण पदाधिकारी राजेश कुमार गुप्ता, संरक्षण अधिकारी विकास चन्द्र एवं ओमप्रकाश एवं लेखापाल कृपा सिंधु उपस्थित सहित विभागीय कर्मीगण मौजूद थे।
Godda News: जिला बाल संरक्षण कार्यालय की समीक्षा बैठक संपन्न
ग्राम समाचार, गोड्डा ब्यूरो रिपोर्ट:- समाहरणालय स्थित कार्यालय प्रकोष्ठ में जिला दंडाधिकारी सह उपायुक्त गोड्डा अंजली यादव के द्वारा जिला बाल संरक्षण कार्यालय की समीक्षा बैठक आहूत की गई। बैठक के दौरान देखरेख एवं संरक्षण की आवश्यकता की श्रेणी वाले बच्चों की पहचान करने, स्पॉन्सरशिप योजना से लाभान्वित होने वाले बच्चों की संख्या में बढ़ोतरी करने, एकल अभिभावक वाले बच्चे एवं अनाथ बच्चों को योजनाओं से आच्छादित किए जाने एवं बाल विवाह, बाल संरक्षण तथा बच्चों से जुड़े अन्य मामलों पर समीक्षा कर आवश्यक दिशा -निर्देश दिए गए। उपायुक्त ने स्पॉन्सरशिप योजना के तहत लाभुकों की संख्या बढ़ाने के उद्देश्य से जिला बाल संरक्षण पदाधिकारी को आपदा/परिवहन विभाग से समन्वय स्थापित कर हाल के दिनों में दुर्घटना में मृत हुए पुरुष जिनका उम्र (18 से 45 वर्ष के बीच हो) उसे चिन्हित कर वैसे परिवार को योजना से जोड़ने का निर्देश दिया गया साथ ही दसवीं के बाद ड्रॉप आउट हुए किशोरियों को चिन्हित कर उनके ड्रॉप आउट होने के कारणों की पता लगाने का निर्देश जिला बाल संरक्षण कार्यालय को दिया गया। बैठक में पीएमकेयर से आच्छादित महामारी के दौरान हुए अनाथ की वर्तमान स्थिति का जायजा लिया गया। स्पॉन्सरशिप एवं फोस्टर केयर योजना की प्रगति की समीक्षा करते हुए कहा कि आपदा, आगजनी एवं सड़़क दुर्घटना में मृत व्यक्ति के जरूरतमंद नाबालिग बच्चों को भी इस योजना से जोड़ा जाय। इस निमित्त आपदा विभाग को जिला बाल संरक्षण इकाई के साथ समन्वय स्थापित कर कार्य करने का निदेश दिया गया। बैठक में बाल विवाह पर व्यापक चर्चा करते हुए, एक्शन प्लान तैयार कर अभियान चलाने का निदेश दिया गया। उन्होंने कहा कि संभावित तिथि को हॉट स्पॉट्स में छापामारी अभियान चलाया जाय। साथ ही, शिक्षा विभाग को ड्राप आउट बच्चों पर निगरानी रखने, सूची साझा करने एवं संभावित मामलों में पहल कर, संबंधित हितधारकों के साथ समन्वय स्थापित कर बाल विवाह रोकथाम हेतु सघन अभियान चलाने के निर्देश दिए गए।इस बैठक में नोडल पदाधिकारी अभय कुमार झा, प्रभारी जिला बाल संरक्षण पदाधिकारी राजेश कुमार गुप्ता, संरक्षण अधिकारी विकास चन्द्र एवं ओमप्रकाश एवं लेखापाल कृपा सिंधु उपस्थित सहित विभागीय कर्मीगण मौजूद थे।

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