ग्राम समाचार, जामताडा। 7 सूत्री लंबित मांग के समर्थन में झारखंड राज्य आंगनबाड़ी सेविका सहायिका संघ ने शुक्रवार को जामताड़ा शहर में बैठक के अलावे जुलूस एवं धरना प्रदर्शन किया।
झारखंड राज्य आंगनवाड़ी सेविका सहायिका संघ संबद्ध प्राप्त जिला कमेटी जॉइंट प्लेटफार्म ऑफिस स्कीम वर्कर फेडरेशन के आह्वान पर आंगनवाड़ी सेविका सहायिका ने जामताड़ा गांधी मैदान से जुलूस के साथ अनुमंडल कार्यालय पहुंचा जहां जुलूस धरना प्रदर्शन में परिवर्तित हो गया। धरना प्रदर्शन कार्यक्रम का अध्यक्षता जिला अध्यक्ष शिल्पी गोस्वामी ने किया। संघ के राज्य कोषाध्यक्ष लखन लाल मंडल ने कहा कि आज पूरे देश में जॉइंट स्कीम वर्कर का हड़ताल का आवाहन किया गया है। उसी के तहत हमारा संगठन ने भी अपने मांगों को लेकर धरना कार्यक्रम जामताड़ा अनुमंडल कार्यालय के समक्ष किया है। कहा कि आंगनवाड़ी सेविका सहायिका को कर्मचारी के रूप में नियमित करें और जब तक सरकारी कर्मचारी का दर्जा नहीं दिया जाए तब तक न्यूनतम 24000 रूपये मासिक एवं 10000 रूपये पेंशन के रूप में सभी सहायिका सेविकाओं को दिया जाई। सभी सेविकाओं को सेवानिवृत्ति के समय सेविका को 10 लाख रूपये एवं सहायिका को पांच लाख रूपये नगद भुगतान करें। पोषण ट्रैकर एप के लिए मोबाइल डाटा एवं इंटरनेट की कनेक्शन की व्यवस्था करें। सभी फ्रंटलाइन वर्कर को एक लाख का जीवन बीमा करें। सभी टीम वर्कर ने कोविड-19 में ड्यूटी किया है उसे 10000 रूपये प्रति माह अतिरिक्त कोविड-19 भत्ता दिया जाना चाहिए जो सरकार अभी तक इनके साथ सौतेला व्यवहार कर रहे हैं। मजदूर विरोधी लेबर कोर्ट को वापस लेना करोना काल मैं सभी को 10 किलो प्रति माह अनाज दिया जाए। टैक्स के दायरे से बाहर परिवारों के लिए 7500 रूपये प्रतिमाह, किसान विरोधी काला कानून वापस ले, सरकार एमएसपी की गारंटी करें। जिला कोषाध्यक्ष रेनू कुमारी ने कहा कि आज प्रतिमाह पोषाहार और मानदेय का भुगतान नियमित रूप से करें नियमित रूप से नहीं करने पर सेविका सहायिका को मुश्किल का सामना करना पड़ता है सभा को संबोधित करते हुए शीला टुडू ने कहा कि प्रशासन द्वारा हम लोगों को कोविड-19 के टीकाकरण एवं अन्य कामों में लगाया जाता है जिस पर हम लोगों को किसी भी तरह का कोई भत्ता नहीं दिया जाता है वही दूसरे स्कीम वर्कर को कुछ न कुछ भत्ता देता है तो आंगनवाड़ी सेविका सहायिका वह भी भत्ता देने की जरूरत है सरकार इस पर ध्यान दें इस कार्यक्रम में पंचम देवी रत्ना पाल रेनू राम रीना देवी सुनीता चौधरी हसीना खातून बीना कुंभकार सुभद्रा कर्मकार करुणा देवी रीना देवी चाइना गोराई शशि वाला यादव गायत्री देवी कलावती हंसता शबनम सरस्वती देवी नमिता सोरेन सोनीति बासकी हिमानी हसदा सकीना खातून फुल बानो खातून आमना खातून नीतू दो सिवा सिवनी हमरो धर्मी देवी कुसुम मरांडी सुंदरी मुर्मू चिंता देवी वैशाखी देवी सोना मुनि मुर्मू सपना देवी चैंपियन पार्वती हसदा सुभाषिनी सोरेन सुशीला सुरेंद्र सलीम अली समीना खातून खातून धारा मोती हसद है मेरे शुक्र मूवी हेमराज सैनी सोरेन आदि सैकड़ों आंगनवाड़ी सेविका सहायिका उपस्थित थे।

0 comments:
एक टिप्पणी भेजें