ग्राम समाचार, बांका। राज्य की राजधानी पटना में कल अदिति कम्युनिटी हॉल में समाजसेवी गंगा पुत्र बिकाश चंद्र उर्फ गुड्डू बाबा के संरक्षण में फौजी किसान पार्टी की उद्घोषणा की गई।
इस नई राजनीतिक दल का निर्माण कई राजनीतिक और सामाजिक उद्देश्यों के लिए किया गया। इस अवसर पर फौजी किसान पार्टी के अध्यक्ष मुन्ना सिंह,रौशन सिंह राठौर,राकेश रंजन(सभी भूतपूर्व सैनिक), बाबा विवेक द्विवेदी, मनीष कश्यप, सुजीत रमन, गोविंद कुमार, रामा ठाकुर, लोरिक दास, राधेश्याम यादव, विवेक विश्वास, मुन्ना बाबा, शशिकांत सिंह, हजारी देवी, निर्मला कुमारी ओर मयंक मधुकर सहित कई गणमान्य लोग उपस्थित थे।
पार्टी गठन के इस मौके पर रौशन सिंह राठौड़ ओर मुन्ना सिंह ने बताया की मुट्ठी भर लोगों के कब्जे से लोकतंत्र को बचाकर लोकतंत्र में आम लोग तथा युवाओं को डेढ़ सौ सीटों में चुनाव में उतारकर जागा बिहार नया बिहार के सपनों को साकार करना है। बिहार में बंद पड़े उद्योगों को चालू करवाकर और नए-नए बड़े एवं लघु उद्योगों की स्थापना कर बेरोजगारी की समस्या से बिहार राज्य को निजात दिलवाना है। शिक्षा और स्वास्थ्य की व्यवस्था को उन्नत बनाएंगे और इसके व्यवसायीकरण पर नियंत्रण कर सरकारी संस्थानों को सक्षम करेंगे। बिहार में दवा माफियाओं के साम्राज्य को मिटा कर आम लोगों के स्वास्थ्य हो रहे खिलवाड़ को बंद कराना हमारी फौजी किसान पार्टी की प्रमुखता रहेगी।
गरीबों के राशन लूटने वालों के खिलाफ स्पेशल टास्क फोर्स और स्पेशल कोर्ट का गठन करवाना हमारी पार्टी का दायित्व होगा। बिहार में विधि व्यवस्था को चुस्त-दुरुस्त बनाकर उद्योगपतियों को बिहार बुलाएंगे, ताकि बिहार का जल्द से जल्द विकास हो सके। राज्य में छेड़खानी बलात्कार जैसी घटनाओं को अंजाम देने वालों के खिलाफ स्पेशल टास्क फोर्स और स्पेशल कोर्ट का गठन करवाना हमारी प्रमुख योजना है। मजदूरों का सम्मान बढ़ाने के लिए 38 जिले से 38 मजदूरों को विधानसभा चुनाव में उम्मीदवार बनाएंगे। बिहार में संविदा पर बहाली का खेल खत्म करवाकर आम लोगों को बंधुआ मजदूरी से मुक्त करना भी हमारा उद्देश्य है। राज्य भर में बंद पड़े राजकीय नलकूपों को चालू करवाकर एवं सिंचाई के अन्य साधनों को सबल बनाकर किसानों की स्थिति में सुधार करेंगे। राज्य के 86 गौशालाओं की लगभग 5000 एकड़ भूमि को अतिक्रमण मुक्त करवाकर जानवरों के अधिकारों की सुरक्षा एवं दूध उत्पादन के क्षेत्र में बिहार राज्य को सम्मान दिलाएंगे। सरकारी भूमि को भूमि माफियाओं से मुक्त करवाकर गरीबों को भूमि एवं आवास की व्यवस्था दिलवाना भी हमारा उद्देश्य है। छात्रों के उज्जवल भविष्य के लिए बिहार में उच्च शिक्षा, चिकित्सा शिक्षा और तकनीकी शिक्षा का केंद्र बनाना हमारा प्रमुख लक्ष्य है।
इस नई राजनीतिक दल का निर्माण कई राजनीतिक और सामाजिक उद्देश्यों के लिए किया गया। इस अवसर पर फौजी किसान पार्टी के अध्यक्ष मुन्ना सिंह,रौशन सिंह राठौर,राकेश रंजन(सभी भूतपूर्व सैनिक), बाबा विवेक द्विवेदी, मनीष कश्यप, सुजीत रमन, गोविंद कुमार, रामा ठाकुर, लोरिक दास, राधेश्याम यादव, विवेक विश्वास, मुन्ना बाबा, शशिकांत सिंह, हजारी देवी, निर्मला कुमारी ओर मयंक मधुकर सहित कई गणमान्य लोग उपस्थित थे।
पार्टी गठन के इस मौके पर रौशन सिंह राठौड़ ओर मुन्ना सिंह ने बताया की मुट्ठी भर लोगों के कब्जे से लोकतंत्र को बचाकर लोकतंत्र में आम लोग तथा युवाओं को डेढ़ सौ सीटों में चुनाव में उतारकर जागा बिहार नया बिहार के सपनों को साकार करना है। बिहार में बंद पड़े उद्योगों को चालू करवाकर और नए-नए बड़े एवं लघु उद्योगों की स्थापना कर बेरोजगारी की समस्या से बिहार राज्य को निजात दिलवाना है। शिक्षा और स्वास्थ्य की व्यवस्था को उन्नत बनाएंगे और इसके व्यवसायीकरण पर नियंत्रण कर सरकारी संस्थानों को सक्षम करेंगे। बिहार में दवा माफियाओं के साम्राज्य को मिटा कर आम लोगों के स्वास्थ्य हो रहे खिलवाड़ को बंद कराना हमारी फौजी किसान पार्टी की प्रमुखता रहेगी।
गरीबों के राशन लूटने वालों के खिलाफ स्पेशल टास्क फोर्स और स्पेशल कोर्ट का गठन करवाना हमारी पार्टी का दायित्व होगा। बिहार में विधि व्यवस्था को चुस्त-दुरुस्त बनाकर उद्योगपतियों को बिहार बुलाएंगे, ताकि बिहार का जल्द से जल्द विकास हो सके। राज्य में छेड़खानी बलात्कार जैसी घटनाओं को अंजाम देने वालों के खिलाफ स्पेशल टास्क फोर्स और स्पेशल कोर्ट का गठन करवाना हमारी प्रमुख योजना है। मजदूरों का सम्मान बढ़ाने के लिए 38 जिले से 38 मजदूरों को विधानसभा चुनाव में उम्मीदवार बनाएंगे। बिहार में संविदा पर बहाली का खेल खत्म करवाकर आम लोगों को बंधुआ मजदूरी से मुक्त करना भी हमारा उद्देश्य है। राज्य भर में बंद पड़े राजकीय नलकूपों को चालू करवाकर एवं सिंचाई के अन्य साधनों को सबल बनाकर किसानों की स्थिति में सुधार करेंगे। राज्य के 86 गौशालाओं की लगभग 5000 एकड़ भूमि को अतिक्रमण मुक्त करवाकर जानवरों के अधिकारों की सुरक्षा एवं दूध उत्पादन के क्षेत्र में बिहार राज्य को सम्मान दिलाएंगे। सरकारी भूमि को भूमि माफियाओं से मुक्त करवाकर गरीबों को भूमि एवं आवास की व्यवस्था दिलवाना भी हमारा उद्देश्य है। छात्रों के उज्जवल भविष्य के लिए बिहार में उच्च शिक्षा, चिकित्सा शिक्षा और तकनीकी शिक्षा का केंद्र बनाना हमारा प्रमुख लक्ष्य है।


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