Rewari News :: नारी शक्ति वंदन अधिनियम" नारी सशक्तिकरण की दिशा में एक ऐतिहासिक कदम है' विषय पर संगोष्ठी का आयोजन किया गया

 

"नारी शक्ति वंदन" अधिनियम नारी सशक्तिकरण की दिशा में एक ऐतिहासिक कदम है" विषय पर दिल्ली जयपुर हाईवे स्थित सेमिनार हॉल, रालियावास में "ग्रीन इंडिया-क्लीन इंडिया मिशन" एवं 'ब्लू एंड ग्रीन होप' द्वारा सांयकाल संगोष्ठी का आयोजन 'वंदे मातरम' के गीत और भारत माता के चित्र पर मुख्य अतिथि डॉ. शानू यादव, उपाध्यक्ष महिला मोर्चा राजस्थान प्रदेश और मुख्य वक्ता प्रोफेसर डॉ जया शर्मा द्वारा दीप जलाकर शुभारंभ किया गया।शानू यादव ने संगोष्ठी को संबोधित करते हुए कहा नारी के सशक्त कदमों से ही राष्ट्र प्रगति के पद पर तीव्र गति से अग्रसर होता है। उन्होंने कहा हमारे देश की नारी शक्ति सिर्फ घर तक सीमित नहीं है बल्कि देश निर्माण की सशक्त आधारशिला है। यह अधिनियम विकसित भारत के संकल्प को पूरा करने में महत्वपूर्ण भूमिका अदा करेगा। आज पीएम मोदी के नेतृत्व में पंचायत से पार्लियामेंट तक नारी सशक्त हो रही है। संगोष्ठी की मुख्य वक्ता प्रोफेसर डॉ.जया शर्मा ने कहा यह पहल दशकों की प्रतीक्षा का अंत है और भारतीय लोकतंत्र में एक नये युग की शुरुआत है।इसके प्रभावी क्रियान्वयन के साथ महिलाएँ नीति-निर्धारण के केंद्र में सशक्त भूमिका निभायेंगी। मातृशक्ति के प्रति इस सम्मान, संवेदनशीलता और महिला नेतृत्व को सशक्त बनाने के इस महत्वपूर्ण प्रयास के लिए देश की समस्त नारी शक्ति की ओर से पीएम नरेंद्र मोदी जी का हृदय से आभार व्यक्त करती हूं।नारी शक्ति वंदन अधिनियम केवल एक विधायी परिवर्तन नहीं,बल्कि भारत के सामाजिक चेतना में नवजागरण का उद्घोष है।महिलाओं के राजनीतिक सशक्तिकरण पर जोर देते हुए कहा कि निर्णय लेने की प्रक्रिया में समान भागीदारी ही महिलाओं की समग्र विकास का आधार है।हरियाणा की पंचायतों में महिलाओं को 50% भागीदारी का उदाहरण देते हुए कहा यह नारी सशक्तिकरण का हरियाणा सरकार का सशक्त कदम है।आज महिलाओं के लिए एक तिहाई आरक्षण की आवश्यकता है। वर्तमान संसद में महिलाओं की भागीदारी सिर्फ 14% और अधिनियम लागू होने से 33% हो जायेंगी।इससे महिलाओं की सीधी भागीदारी बढ़ेगी एवं नीति और फैसलों में उनकी भूमिका मजबूत होगी।पीएम नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में महिलाओं को दशकों तक अटका रहा अधिकार के सपने साकार होंगे।यह उस युग का संकेत है जहाँ नारी केवल सहभागिता नहीं,बल्कि नेतृत्व का प्रतीक बनकर उभर रही हैं।यह पहल सदियों से सीमित रही महिला आवाज़ को सशक्त मंच प्रदान करती है।जहाँ उनकी दृष्टि,संवेदना और अनुभव नीति-निर्माण की धुरी बनेंगे।जब निर्णयों में नारी का संतुलन जुड़ता है,तो शासन अधिक मानवीय, न्यायपूर्ण और दूरदर्शी बनता है।सामाजिक कार्यकर्ता पंकज यादव ने कहा नारी शक्ति वंदन अधिनियम से महिलाओं को सशक्त होने का अवसर मिलेगा। उन्होंने कहा संवाद,सहयोग और सहभागिता से नारी शक्ति देश के विकास में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रही है।


संगोष्ठी के संयोजक सामाजिक कार्यकर्ता डॉ.आर.के.जांगड़ा विश्वकर्मा,राष्ट्रीय संयोजक,'ग्रीन इंडिया - क्लीन इंडिया मिशन' ने कहा यह अधिनियम देश की प्रत्येक बेटीयों के सपनों को पंख देता है।नारी के सशक्त कदमों से ही राष्ट्र प्रगति के पथ पर तीव्र गति से अग्रसर होता है।यही वह परिवर्तन है, जो भारत को अधिक समावेशी,सशक्त और गौरवशाली भविष्य की ओर ले जायेंगा। वर्तमान संसद में महिलाओं की भागीदारी 543 में से 74 महिला सांसद है जो 13.6% है और नारी शक्ति वंदन अधिनियम लोकसभा में सितंबर 2023 में पारित हुआ और इसके लागू होने के के पश्चात 816 लोकसभा सीटों में से 273 महिलाओं कों सांसद बनने का मौका मिलेगा। पीएम मोदी ने हरियाणा के पावन धरा पानीपत से "बेटी बचाओ- बेटी पढ़ाओ" का संदेश दिया जिसके सुखद परिणाम मिल रहे हैं। पीएम नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में नारी सशक्तिकरण की दिशा में अनेकों जन कल्याणकारी योजना मातृत्व वंदना योजना, सुकन्या समृद्धि योजना,मिशन इंद्रधनुष, स्वच्छ भारत मिशन द्वारा करोड़ शौचालय का निर्माण, खेलो इंडिया,उज्ज्वला योजना,हर घर नल से जल अधिक अनेकों योजनाओं द्वारा नारी सशक्त हो रही है। महिलाओं ने देश की गौरव और गरिमा को बढ़ाया है। इस अवसर पर सरोज यादव, ममता यादव, शकुंतला यादव, भोली देवी, अंजली सिंह, अनामिका शर्मा, भूमिका यादव, हरपाल कौर, अर्चिता शर्मा, निधि शर्मा, होशियार सिंह यादव, पंकज यादव, धर्मवीर सिंह, कीर्ति जांगड़ा,सरोज देवी, सपना कुमारी, हरकेश जांगड़ा दीपक शर्मा सुरेंद्र यादव आदि अनेक शिक्षाविद और गणमान्य वर्ग उपस्थित था।

Share on Google Plus

Editor - राजेश शर्मा : रेवाड़ी (हरियाणा)

ग्राम समाचार से आप सीधे जुड़ सकते हैं-
Whatsaap Number -8800256688
E-mail - gramsamachar@gmail.com

* ग्राम समाचार का संवाददाता बनने के लिए यहां क्लिक करें

- राजीव कुमार (Editor-in-Chief)

- राजीव कुमार (Editor-in-Chief)
    Blogger Comment
    Facebook Comment

0 comments:

एक टिप्पणी भेजें