ग्राम समाचार, गोड्डा ब्यूरो रिपोर्ट:- महिलाओं की इकलौती साहित्यिक संस्था "साहित्य संगिनी" द्वारा रविवार को अक्षय तृतीया के मांगलिक अवसर पर एक बैठक सह काव्य पाठ कार्यक्रम का आयोजन किया गया। स्थानीय शांति नगर स्थित खबर संगम भवन में संस्था के संरक्षक सुरजीत झा की अध्यक्षता में आयोजित उक्त बैठक में जहां संस्था की संपन्न सारी गतिविधियों की समीक्षा के पश्चात आगामी गुरुवार 23 अप्रैल को जानकी नवमी के अवसर पर अपराह्न 4 बजे से पुनः खबर संगम भवन में ही काव्य गोष्ठी के आयोजन सहित अन्य बिंदुओं पर विचार विमर्श करते हुए कई महत्वपूर्ण निर्णय लिए गए। अपने अध्यक्षीय संबोधन में श्री झा ने अक्षय तृतीया के अद्वितीय पौराणिक एवं ऐतिहासिक महत्व की जानकारी देते हुए अवतरण दिवस पर भगवान श्री परशुराम के विशाल व्यक्तित्व एवं कृतित्व पर विस्तार से प्रकाश डाला। काव्य पाठ का शुभारंभ संस्था की उपाध्यक्ष डॉ. स्मिता शिप्रा के सरस्वती वंदना से हुआ। इसके पश्चात संस्था के संरक्षक डॉ. ब्रह्मदेव कुमार, सचिव विनीता प्रियदर्शिनी, उपाध्यक्ष उर्मिला कुमारी एवं अमरेंद्र सिंह बिट्टू ने अपनी काव्य प्रस्तुतियों से दिवस विशेष को और भी यादगार बना डाला।
Godda News: साहित्य संगिनी ने अक्षय तृतीया पर किया काव्य पाठ
ग्राम समाचार, गोड्डा ब्यूरो रिपोर्ट:- महिलाओं की इकलौती साहित्यिक संस्था "साहित्य संगिनी" द्वारा रविवार को अक्षय तृतीया के मांगलिक अवसर पर एक बैठक सह काव्य पाठ कार्यक्रम का आयोजन किया गया। स्थानीय शांति नगर स्थित खबर संगम भवन में संस्था के संरक्षक सुरजीत झा की अध्यक्षता में आयोजित उक्त बैठक में जहां संस्था की संपन्न सारी गतिविधियों की समीक्षा के पश्चात आगामी गुरुवार 23 अप्रैल को जानकी नवमी के अवसर पर अपराह्न 4 बजे से पुनः खबर संगम भवन में ही काव्य गोष्ठी के आयोजन सहित अन्य बिंदुओं पर विचार विमर्श करते हुए कई महत्वपूर्ण निर्णय लिए गए। अपने अध्यक्षीय संबोधन में श्री झा ने अक्षय तृतीया के अद्वितीय पौराणिक एवं ऐतिहासिक महत्व की जानकारी देते हुए अवतरण दिवस पर भगवान श्री परशुराम के विशाल व्यक्तित्व एवं कृतित्व पर विस्तार से प्रकाश डाला। काव्य पाठ का शुभारंभ संस्था की उपाध्यक्ष डॉ. स्मिता शिप्रा के सरस्वती वंदना से हुआ। इसके पश्चात संस्था के संरक्षक डॉ. ब्रह्मदेव कुमार, सचिव विनीता प्रियदर्शिनी, उपाध्यक्ष उर्मिला कुमारी एवं अमरेंद्र सिंह बिट्टू ने अपनी काव्य प्रस्तुतियों से दिवस विशेष को और भी यादगार बना डाला।

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