ग्राम समाचार, रांची। झारखंड के मुख्यमंत्री हेमन्त सोरेन और केंद्रीय कोयला मंत्री के बीच नवंबर 2021 में हुई बैठक का प्रतिफल है कि कोल इंडिया द्वारा अधिग्रहण की गई भूमि से विस्थापित स्थानीय लोगों को अब एक करोड़ रुपये तक का कॉन्ट्रैक्ट मिलेगा।
केंद्रीय कोयला मंत्रालय ने इसपर अपनी सहमति दे दी है। इससे विस्थापितों की आर्थिक आजीविका को मजबूत आधार मिल सकेगा।
मुख्यमंत्री ने रखा था सरकार का पक्ष
उल्लेखनीय है कि, मुख्यमंत्री हेमन्त सोरेन ने केंद्रीय कोयला मंत्री से कहा था कि एक करोड़ तक का ठेका स्थानीय लोगों को देने की योजना बने। इसके बाद समिति का गठन हुआ और स्थानीय विस्थापितों को कॉन्ट्रैक्ट देने की सिफारिश हुई है।
मुख्यमंत्री श्री @HemantSorenJMM और केंद्रीय कोयला मंत्री श्री @JoshiPralhad के बीच झारखण्ड में अवस्थित कोल माइंस से संबंधित विभिन्न मुद्दों पर विचार-विमर्श हुआ।मुख्यमंत्री ने कोल माइंस के लिए जमीन अधिग्रहण, मुआवजा, विस्थापितों के पुनर्वास, नौकरी एवं रेवेन्यू को लेकर पक्ष रखा। pic.twitter.com/e9SOEUH1i9
— Office of Chief Minister, Jharkhand (@JharkhandCMO) November 13, 2021
इन कार्यों में मिलेगी प्राथमिकता
कोयला परिवहन के तहत विभिन्न क्षेत्रों में कोयले की लोडिंग एवं परिवहन कार्य। सिविल कार्य के तहत अकुशल कार्यबल की व्यवस्था करना। साफ- सफाई, रखरखाव, बागवानी कार्य समेत अन्य कार्य। कोल इंडिया द्वारा स्थानीय लोगों से वाहन किराया पर लेने को भी प्राथमिकता दी जाएगी।
- राजीव कुमार, ग्राम समाचार ,रांची।
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