Rewari News : आपकी बेटी-हमारी बेटी योजना के तहत अनुसूचित जाति व बीपीएल परिवार को दी जाती हैं आर्थिक मदद : DC

रेवाड़ी, 5 जुलाई। प्रदेश सरकार द्वारा आपकी बेटी-हमारी बेटी योजना चलाई गई है, जो की बहुत ही महत्वाकांक्षी योजना है। इस योजना का उद्देश्य राज्य में कन्या भ्रूण हत्या पर रोक लगाना, लिंगानुपात में सुधार तथा बालिकाओं को शिक्षा के उचित अवसर प्रदान करना है। अनुसूचित जाति व बीपीएल परिवार में बेटी पैदा होने पर आर्थिक मदद दी जाती है।

  डीसी यशेन्द्र सिंह ने यह जानकारी देते हुए बताया कि इस योजना के तहत ग्रामीण एवं शहरी क्षेत्रों में 22 जनवरी 2015 को या उसके बाद जन्मी अनुसूचित जाति तथा बीपीएल परिवारों की पहली बेटी के जन्म पर 21 हजार रुपये तथा सभी वर्गों की दूसरी व तीसरी बेटी के जन्म पर 21 हजार रुपये की राशि दी जाती है। इस योजना में लाभार्थी लडक़ी के खाते में कुल संचित राशि उसके 18 वर्ष पूर्ण होने पर ब्याज सहित देय होगी, बशर्ते की लाभार्थी लडक़ी अविवाहित हो। योजना का लाभ लेने के लिए आवेदक को सरल पोर्टल के माध्यम से ऑनलाइन आवेदन करना होगा। आवेदन के लिए लाभार्थी लडक़ी के जन्म प्रमाण पत्र की सत्यापित प्रति, टीकाकरण कार्ड, आधार नम्बर (लडक़ी अथवा माता या पिता) आदि दस्तावेजों को संबंधित आंगनवाड़ी केंद्र या स्वास्थ्य केन्द्र के कर्मचारी से वैरीफाई करवाना आवश्यक है।
  उपायुक्त ने बताया कि महिला एवं बाल विकास विभाग द्वारा जहां प्रदेश सरकार की विभिन्न योजनाओं जैसे प्रधानमंत्री माता वंदना योजना, आपकी बेटी हमारी-बेटी योजना जैसी योजनाओं का लाभ सरलता से पहुंचाया जाता है वहीं बेटी बचाओ-बेटी पढाओ अभियान के तहत बेटी के जन्म पर कुआं पूजन, गोद भराई आदि कार्यक्रमों के माध्यम से प्रेरित किया जाता है। इसके अलावा बेस्ट मदर अवार्ड तथा महिला खेलकूद आदि प्रतियोगिताओं के माध्यम से भी आमजन को बेटियों के प्रति सकारात्मक सोच के लिए प्रोत्साहित किया जाता है।
Share on Google Plus

Editor - राजेश शर्मा : रेवाड़ी (हरि.) - 9813263002

ग्राम समाचार से आप सीधे जुड़ सकते हैं-
Whatsaap Number -8800256688
E-mail - gramsamachar@gmail.com

* ग्राम समाचार से जुड़ने के लिए यहां क्लिक करें

* ग्राम समाचार के "खबर से असर तक" के राष्ट्र निर्माण अभियान में सहयोग करें। ग्राम समाचार एक गैर-लाभकारी संगठन है, हमारी पत्रकारिता को सरकार और कॉरपोरेट दबाव से मुक्त रखने के लिए आर्थिक मदद करें।
- राजीव कुमार (Editor-in-Chief)

    Blogger Comment
    Facebook Comment

0 comments:

एक टिप्पणी भेजें

Online Education