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Dumka News: दुमका उपचुनाव में इस कई मुद्दों पर होगी मतदान, प्रतिष्ठा बचाने में जुटे प्रत्याशी

ग्राम समाचार, दुमका। रबिबार के शाम दुमका 10(अजजा ) संरक्षित विधानसभा के उप चुनाव का प्रचार थम जायेगा ।यहां भाजपा के डॉ लुईस मरांडी के साथ जेएमएम के बसंत सोरेन का कांटे का टक्कर है। दोनों दल के लिये यह सीट प्रतिष्ठा के साथ जुड़ा हैं । झारखंड पीपुल्स पार्टी के प्रत्याशी सूरज सिंह बेसरा का भी चुनाव प्रचार तेज हैं ।आजसू के संस्थापक सह पूर्ब विधायक श्री बेसरा अविभाजित बिहार का एकमात्र विधायक ने अलग राज्य की मांग को लेकर विधायक पद से इस्तीफा दिये थे । राज्य की भाषा, स्थानीय नीति, संताली भाषा की लिपि अलचिकि,सरना धर्म कोड के मुद्दा को लेकर प्रचार तेज कर दिया हैं ,आदिबासी बुद्धिजीवियों में इसका ब्यापक असर देखा जा रहा हैं ।दुमका एबं मसलिया प्रखंड को लेकर हैं, दुमका विधानसभा।यहा महिला मतदाता एक लाख 24 हजार 510 ,पुरुष मतदाता एक लाख26 हजार 210 कुल दो लाख पचास हजार994मात्र हैं । यहां कुल368 मत दान केंद्र का गठन किया हैं।चुनाव में सरना धर्म कोड की मांग जोर पकड़ रहा हैं।जिसे देखकर मुख्यमंत्री हेमन्त सोरेन ने यहां चुनाव प्रचार में आकर लोगो को विधानसभा का बिशेष सत्र बुलाकर जनगणना में सरना धर्म कोड को शामिल कर केंद्र सरकार को प्रस्ताव भेजने की आश्वासन दिया हैं । दुमका एबं मसलिया प्रखंड के ग्रामीण छेत्र में बांग्ला, संथाली एबं खोरठा मुख्य भाषा हैं ।बर्ष 1911 के मंत्रिमंडल की बैठक में तीनों भाषा को दूसरी राजभाषा की स्वीकृति दिया गया हैं। जिला प्रशासन ने एन आई सी की प्रोफाइल में यहां जिले का भाषा हिंदी, एबं संथाली दर्शाया हैं ।आदर्श चुनाव आचार संहिता लागू होने के दो महीना पूर्ब सूबे के एक भाषाई संगठन ने मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन को पत्र भेजकर एन आई सी की प्रोफाइल में बांग्ला भाषा को शामिल करने की मांग किया हैं ।प्रोफाइल में बांग्ला एबं खोरठा भाषा को शामिल कराने की मांग को लेकर जेएमएम एबं भाजपा दोनों दल उदासीन बना हैं ।यहां संताली भाषा की लिपि को लेकर भी चुनावी मुद्दा बना हैं । पूर्ब बीजेपी सरकार ने संतल परगना छेत्र के सरकारी कार्यालय में हिंदी के साथ अलचिकि लिपि में लेखन कराया हैं ।बर्तमान सरकार के सत्ताधारी दल के कई विधायक ने रोमन लिपि में संताली भाषा की प्रयोग कराने की मांग किया हैं ।केंद्र सरकार ने संताली भाषा को आठवीं सूची में शामिल कर अलचिकि लिपि को उस भाषा की लिपि के रूप में मान्यता दिया हैं , जिसका यूनीकोड हैं आई सी 50 - आई सी 7 एफ ,अलचिकि लिपि की मुद्दा यहा चुनाव मुद्दा बना हैं ।

ग्राम समाचार के लिये रानीश्वर, दुमका से गौतम चटर्जी ।


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Editor - केसरीनाथ यादव, दुमका

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- राजीव कुमार (Editor-in-Chief)

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