ग्राम समाचार जामताड़ा।
जामताड़ा विधायक डॉक्टर इरफान अंसारी आज नारायणपुर थाना क्षेत्र की बूटबेरिया पंचायत के जाहेडीह गांव के ग्रामीणों पर वन विभाग द्वारा वन क्षेत्र के लगे पेड़ों को काटने पर झूठे केस मुकदमे दर्ज करने को लेकर सभी ग्रामीणों के साथ जिला पहुंचकर उपायुक्त एवं जिला वन पदाधिकारी वार्ता किया। मौके पर विधायक जी ने कहा की विभाग द्वारा बेकसूर आदिवासियों पर बेवजह केस किया गया जबकि सच तो यह है की आंधी तूफान आने के कारण पेड़ पौधे गिर गए थे जिस्की टहनी एवं पत्तों को, जो पेड़ से अलग हो गए थे,ग्रामीणों ने चुन बीचके अपने घर ले आये था। उन्होंने बताया कि विभाग द्वारा उन लोगों से केस वापस लेने के लिए ₹10 लाख की मांग की जिसे ग्रामीण दे पाने में असमर्थ है। आगे विधायक जी ने कहा कि ग्रामीणों को चिंता करने की जरूरत नहीं है और ना ही डरने की आवश्यकता है इस मामले को मुख्यमंत्री जी ने भी संज्ञान में ले लिया है और जल्दी इस केस का निपटारा हो जाएगा। राज आदिवासियों का है और जल जंगल जमीन पर इनका हक है और यह लोग उसकी सुरक्षा करते हैं।तो ऐसे में किसी भी बेगुनाहों पर या गरीब पर केस मुकदमा नहीं होगा यह मैं भरोसा दिलाता हूं। साथ ही डीएफओ को भी निर्देश दिया कि मामले को जल्द से जल्द निपटारा किया जाए और आपके विभाग में ऐसे पदाधिकारी जो सरकार का नाम खराब कर रहे हैं उस पर भी अविलंब कार्रवाई करें। मौके पर उपायुक्त ने भी मामले को संज्ञान में लिया और विधायक जी की उपस्थिति में ग्रामीणों को आश्वस्त किया कि आप लोग को डरने की जरूरत नहीं है। नियमानुसार न्यूनतम पेनाल्टी देकर मामला का निपटारा कर दिया जाएगा। साथी जिला वन पदाधिकारी को भी निर्देश दिया की आगे से ऐसे मामलों पर कड़ी निगाह रखें और विभाग में जो फर्स्ट पदाधिकारी है उस पर भी नकेल कसे। आगे पूरी ग्रामीणों ने विधायक जी की उपस्थिति में लिखित आवेदन डीसी एवं डीएफओ को दिया।
अरविन्द ओझा, ग्राम समाचार, जामताड़ा
जामताड़ा विधायक डॉक्टर इरफान अंसारी आज नारायणपुर थाना क्षेत्र की बूटबेरिया पंचायत के जाहेडीह गांव के ग्रामीणों पर वन विभाग द्वारा वन क्षेत्र के लगे पेड़ों को काटने पर झूठे केस मुकदमे दर्ज करने को लेकर सभी ग्रामीणों के साथ जिला पहुंचकर उपायुक्त एवं जिला वन पदाधिकारी वार्ता किया। मौके पर विधायक जी ने कहा की विभाग द्वारा बेकसूर आदिवासियों पर बेवजह केस किया गया जबकि सच तो यह है की आंधी तूफान आने के कारण पेड़ पौधे गिर गए थे जिस्की टहनी एवं पत्तों को, जो पेड़ से अलग हो गए थे,ग्रामीणों ने चुन बीचके अपने घर ले आये था। उन्होंने बताया कि विभाग द्वारा उन लोगों से केस वापस लेने के लिए ₹10 लाख की मांग की जिसे ग्रामीण दे पाने में असमर्थ है। आगे विधायक जी ने कहा कि ग्रामीणों को चिंता करने की जरूरत नहीं है और ना ही डरने की आवश्यकता है इस मामले को मुख्यमंत्री जी ने भी संज्ञान में ले लिया है और जल्दी इस केस का निपटारा हो जाएगा। राज आदिवासियों का है और जल जंगल जमीन पर इनका हक है और यह लोग उसकी सुरक्षा करते हैं।तो ऐसे में किसी भी बेगुनाहों पर या गरीब पर केस मुकदमा नहीं होगा यह मैं भरोसा दिलाता हूं। साथ ही डीएफओ को भी निर्देश दिया कि मामले को जल्द से जल्द निपटारा किया जाए और आपके विभाग में ऐसे पदाधिकारी जो सरकार का नाम खराब कर रहे हैं उस पर भी अविलंब कार्रवाई करें। मौके पर उपायुक्त ने भी मामले को संज्ञान में लिया और विधायक जी की उपस्थिति में ग्रामीणों को आश्वस्त किया कि आप लोग को डरने की जरूरत नहीं है। नियमानुसार न्यूनतम पेनाल्टी देकर मामला का निपटारा कर दिया जाएगा। साथी जिला वन पदाधिकारी को भी निर्देश दिया की आगे से ऐसे मामलों पर कड़ी निगाह रखें और विभाग में जो फर्स्ट पदाधिकारी है उस पर भी नकेल कसे। आगे पूरी ग्रामीणों ने विधायक जी की उपस्थिति में लिखित आवेदन डीसी एवं डीएफओ को दिया।
अरविन्द ओझा, ग्राम समाचार, जामताड़ा

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