ग्राम समाचार जामताड़ा।
सदर अस्पताल प्रशासन का मानो विवादों से गहरा रिश्ता है. जिस कारण वहां के पदाधिकारी रोज नए-नए विवादों में सुर्खियां बटोर रहे हैं. ताजा मामला कोरोना संदिग्ध मरीज को अस्पताल में भर्ती करने को लेकर है. जिसमें सदर अस्पताल का एंबुलेंस एक संदिग्ध मरीज को लेकर लगभग 2 घंटे तक शहर में भटकता रहा परंतु उसे क्वॉरेंटाइन सेंटर नहीं मिला. जहां मरीज को भर्ती कराया जा सके.अंत में उपायुक्त के निर्देश पर संदिग्ध मरीज को उदल बनी स्थित कोविड-19 हॉस्पिटल में भर्ती कराया गया है। जानकारी के अनुसार 11:00 बजे सदर अस्पताल से एक कोरोना संदिग्ध मरीज को अस्पताल प्रबंधक ने जामतारा के क्वॉरेन्टाइन सेंटर में भर्ती करने के लिए एंबुलेंस से भेजा गया. जब चालक रवि कुमार जब उक्त मरीज को लेकर कस्तूरबा गांधी आवासीय विद्यालय पहुंचा तो वहां के कर्मचारियों द्वारा बताया गया कि यहां क्वॉरेंटाइन सेंटर नहीं है. वहां से एंबुलेंस चालक को जेबीसी हाई स्कूल भेज दिया गया। वहां भी जब क्वॉरेंटाइन सेंटर नहीं मिला तो चालक ने अस्पताल अधीक्षक को फोन किया तो उसे पुनः सदर अस्पताल बुलाया गया. इसी बीच किसी ने उपायुक्त को इस बात की जानकारी दे दी. तो उपायुक्त के निर्देश पर उक्त मरीज को उदलबनी स्थित कोविड-19 डेडिकेटेड अस्पताल में भर्ती किया गया। दरअसल, जामतारा शहर के जेवीसी हाई स्कूल में पूर्व में एक क्वॉरेंटाइन सेंटर संचालित होता था परंतु मैट्रिक तथा इंटर परीक्षा के मूल्यांकन कार्य को लेकर उक्त सेंटर को बंद कर दिया गया परंतु उसके स्थान पर कहीं भी नया सेंटर नहीं खोला गया जिस कारण यह समस्या उत्पन्न हुई. इस संबंध में पूछने पर उपयुक्त गणेश कुमार ने कहा कि उक्त मरीज को उदलबनी में भर्ती किया गया है। अस्पताल अधीक्षक द्वारा सही जानकारी नहीं दिए जाने से यह गलती हुई है आज शाम तक जामतारा शहर में नया क्वॉरेंटाइन सेंटर चालू हो जाएगा।
- अरबिंद ओझा, ग्राम समाचार, जामताड़ा
सदर अस्पताल प्रशासन का मानो विवादों से गहरा रिश्ता है. जिस कारण वहां के पदाधिकारी रोज नए-नए विवादों में सुर्खियां बटोर रहे हैं. ताजा मामला कोरोना संदिग्ध मरीज को अस्पताल में भर्ती करने को लेकर है. जिसमें सदर अस्पताल का एंबुलेंस एक संदिग्ध मरीज को लेकर लगभग 2 घंटे तक शहर में भटकता रहा परंतु उसे क्वॉरेंटाइन सेंटर नहीं मिला. जहां मरीज को भर्ती कराया जा सके.अंत में उपायुक्त के निर्देश पर संदिग्ध मरीज को उदल बनी स्थित कोविड-19 हॉस्पिटल में भर्ती कराया गया है। जानकारी के अनुसार 11:00 बजे सदर अस्पताल से एक कोरोना संदिग्ध मरीज को अस्पताल प्रबंधक ने जामतारा के क्वॉरेन्टाइन सेंटर में भर्ती करने के लिए एंबुलेंस से भेजा गया. जब चालक रवि कुमार जब उक्त मरीज को लेकर कस्तूरबा गांधी आवासीय विद्यालय पहुंचा तो वहां के कर्मचारियों द्वारा बताया गया कि यहां क्वॉरेंटाइन सेंटर नहीं है. वहां से एंबुलेंस चालक को जेबीसी हाई स्कूल भेज दिया गया। वहां भी जब क्वॉरेंटाइन सेंटर नहीं मिला तो चालक ने अस्पताल अधीक्षक को फोन किया तो उसे पुनः सदर अस्पताल बुलाया गया. इसी बीच किसी ने उपायुक्त को इस बात की जानकारी दे दी. तो उपायुक्त के निर्देश पर उक्त मरीज को उदलबनी स्थित कोविड-19 डेडिकेटेड अस्पताल में भर्ती किया गया। दरअसल, जामतारा शहर के जेवीसी हाई स्कूल में पूर्व में एक क्वॉरेंटाइन सेंटर संचालित होता था परंतु मैट्रिक तथा इंटर परीक्षा के मूल्यांकन कार्य को लेकर उक्त सेंटर को बंद कर दिया गया परंतु उसके स्थान पर कहीं भी नया सेंटर नहीं खोला गया जिस कारण यह समस्या उत्पन्न हुई. इस संबंध में पूछने पर उपयुक्त गणेश कुमार ने कहा कि उक्त मरीज को उदलबनी में भर्ती किया गया है। अस्पताल अधीक्षक द्वारा सही जानकारी नहीं दिए जाने से यह गलती हुई है आज शाम तक जामतारा शहर में नया क्वॉरेंटाइन सेंटर चालू हो जाएगा।
- अरबिंद ओझा, ग्राम समाचार, जामताड़ा

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