Rewari News : सेवा स्तंभ एवं धम्म भूमि श्रेष्ठ जीवन के लिए मनाया शौर्य दिवस

ग्राम समाचार न्यूज : रेवाड़ी : सेवास्तम्ब एवं धम्मभूमि श्रेष्ठ जीवन के लिए एक आंदोलन ने  मनाया शौर्य दिवस --सेवा स्तंब के जिला कार्यालय, डॉ बी आर अंबेडकर पार्क एवं पुस्तकालय मॉडल टाउन रेवाड़ी में सेवा स्तंब व धम्मभूमि -श्रेष्ठ जीवन के लिए एक आंदोलन...की ओर से 1 जनवरी को "शौर्य दिवस" के रूप में मनाया गया । सेवा स्तंब के प्रधान भगत सिंह सांभरिया व महासचिव  आर.पी .सिंह दहिया ने बताया कि 1 जनवरी 1818 को पेशवाओं के जुल्म व अत्याचार से तंग आकर  महाराष्ट्र के पुणे के पास भीमा नदी के किनारे  कोरेगांव के युद्ध में 500 महार सैनिकों ने 28 हजार पेशवाओं की विशाल सेना  को हराकर भारत को जाति मुक्त और लोकतांत्रिक बनाने की दिशा में पहला ऐतिहासिक कदम बढ़ाया। 



01 जनवरी 1818 को सर्द मौसम में एक तरफ 28हजार पेशवाओं की विशाल सेना जिसमें 20हजार घुड़सवार व 8 हजार पैदल सैनिक थे। जिनकी अगुवाई पेशवा बाजीराव द्वितीय कर रहे थे तो दूसरी ओर "बॉम्बे नेटिव लाइट इन्फेंट्री " के 500 महार सैनिक, जिसमें महज ढाई सौ घुड़सवार थे और  सिर्फ 500 महार सैनिकों ने अपने शौर्य और पराक्रम के बल पर पेशवाओं की विशाल सेना पर विजय हासिल की । इसलिए इस दिन "1 जनवरी " को शौर्य दिवस के नाम से जाना जाता है। इसी लड़ाई पर आधारित एक मूवी  रिटायर्ड आई.ए.एस  अधिकारी श्री रमेश थेटे द्वारा निर्मित  "द बैटल ऑफ भीमा कोरेगांव"  इसी वर्ष प्रदर्शित होने जा रही है, जिसे लेकर समस्त समाज में भारी उत्साह व जोश है ।आज इस शुभ अवसर पर विभिन्न  पदाधिकारी  उपस्थित हुए। जिनमें मुख्य रुप से प्रधान भगत सिंह सांभरिया, जिला महासचिव आर.पी. सिंह दहिया,  प्राचार्य राजकुमार जलवा, वरिष्ठ उपप्रधान अजीत सिंह भुड़पुर, कार्यकारिणी पदाधिकारी नरेंद्र मेहरा व किशनलाल थिरान, होमिका सांभरिया, वर्णिका सांभरिया आदि उपस्थित रहे ।

Share on Google Plus

Editor - राजेश शर्मा : रेवाड़ी (हरि.) - 9813263002

ग्राम समाचार से आप सीधे जुड़ सकते हैं-
Whatsaap Number -8800256688
E-mail - gramsamachar@gmail.com

* ग्राम समाचार से जुड़ने के लिए यहां क्लिक करें

* ग्राम समाचार के "खबर से असर तक" के राष्ट्र निर्माण अभियान में सहयोग करें। ग्राम समाचार एक गैर-लाभकारी संगठन है, हमारी पत्रकारिता को सरकार और कॉरपोरेट दबाव से मुक्त रखने के लिए आर्थिक मदद करें।
- राजीव कुमार (Editor-in-Chief)

    Blogger Comment
    Facebook Comment

0 comments:

एक टिप्पणी भेजें

Online Education