expr:class='"loading" + data:blog.mobileClass'>

Online Education


Rewari News : जागरूकता और लॉक डाउन के चलते कोरोना संक्रमण के मामलो में आ रही गिरावट

देश और प्रदेश में कोरोना की दूसरी लहर डरा रही थी प्रतिदिन संक्रमण के नए मामले सामने आ रहे थे कोरोना अपने ही रिकॉर्ड तोड़ रहा था लेकिन बेलगाम दौड़ने वाले कोरोना संक्रमण की रफ़्तार पर अब ब्रेक लगने लगी है। लॉक डाउन और लोगो की जागरूकता के चलते कोरोना संक्रमण के बढ़ते हुए मामलो में अब गिरावट दर्ज की जा रही है। बाजारो के खुलने के समय में बदलाव के साथ ऑड एंड ईवन नंबर फॉर्मूले से खुल रहे है जिस कारण बाज़ारो में कम भीड़ देखि जा रही है। हालाँकि अब भी कुछ लोग बेवजह घर से निकल रहे है और कोरोना को हलके में ले रहे है ऐसे लोगो के खिलाफ पुलिस सख्ती से पेश आ रही है। इसे लोगो की जागरूकता कहे या लॉक डाउन का असर कि रेवाड़ी में कोरोना संक्रमण की स्पीड अब थोड़ी कम हो गई है। बेवजह घर से निकलने वाले और मास्क न पहनने वालो  द्वारा चालान काटे जा रहे है। महाराणा प्रताप चौक के पास चालान काट रहे सैक्टर 03 चौकी के एएसआई मुकेश कुमार का कहना है कि कोरोना अब नियंत्रण में है लोग भी अब जागरूक हो रहे है और कोरोना के नियमो का पालन कर रहे है। नियमो का पालन नहीं करने वालो को पुलिस हिदायत देकर और नहीं मानने वालो के चालान किये जा रहे है। रेवाड़ी में कोरोना संक्रमण के पहले सौ से दो सौ मामले हर रोज़ सामने आ रहे थे लेकिन अब 40 से 50 केस ही सामने आ रहे है इसके अलावा कोरोना से मरने वालो की संख्या में भी काफी कमी आई है। पहले प्रतिदिन कोरोना मृत्यु दर 10-15 थी लेकिन अब महज एक या दो लोग ही कोरोना से अपनी जान गवां रहे है। लेकिन कोरोना को हलके में लेने की भूल घातक सिद्ध हो सकती है कोरोना की दूसरी लहर के बाद तीसरी लहर भी आनी बाकी है उससे भी हमें डटकर निपटना होगा और कोरोना को देश से भगाना होगा।

Share on Google Plus

Editor - राजेश शर्मा : रेवाड़ी (हरि.) - 9813263002

ग्राम समाचार से आप सीधे जुड़ सकते हैं-
Whatsaap Number -8800256688
E-mail - gramsamachar@gmail.com

* ग्राम समाचार से जुड़ने के लिए यहां क्लिक करें

* ग्राम समाचार के "खबर से असर तक" के राष्ट्र निर्माण अभियान में सहयोग करें। ग्राम समाचार एक गैर-लाभकारी संगठन है, हमारी पत्रकारिता को सरकार और कॉरपोरेट दबाव से मुक्त रखने के लिए आर्थिक मदद करें।
- राजीव कुमार (Editor-in-Chief)

    Blogger Comment
    Facebook Comment

0 comments:

एक टिप्पणी भेजें