विधायक ताला मरांड़ी के पैतृक गांव में दो दिवसीय संतमत सत्संग सह बाहा का भव्य आयोजन समापन

satsangग्राम समाचार बोआरीजोर,गोड्डा। प्रखंड के पंचायत ईटहरी गांव में वर्तमान बोरियो विधानसभा के माननीय विधायक श्री ताला मरांड़ी के पैतृक गांव में दो दिवसीय २५,२६ फरवरी को संतमत सत्संग सह बाहा का भव्य आयोजन की शुरुआत रविवार को ज्ञान यज्ञ के साथ इटहरी दुर्गा देवी मैदान की गई ।

सत्संग के दौरान मनुबाबा कुप्पाघाट से आये संथाली प्रवक्ता एवं संथाल परगना के हिंदुत्व प्रवक्ता स्वामी सरजु पंडित महाराज  जी एवं ग्यारह अनुयायियों व साफा होड़ सहित अन्य संत बाबाओं पहुंचे और सभी बाबाओं को धोती,गमछी एवं माताओं को साड़ी से सम्मानित किया गया।

भजन-कीर्तन के साथ आयोजित सत्संग के दौरान भावुक विधायक ताला मरांड़ी ने प्रवचन देते हुए कहा कि मानव जीवन के लिए अध्यात्म बहुत ही जरूरी है। विधायक जी ने कहा कि मनुष्य को अपने कर्म पथ से अलग होकर कभी भी नहीं चलना चाहिए। विश्व शांति के लिए संतमत के सिद्धांत पर प्रकाश डालते हुए कहा कि संतमत सत्संग का उद्देश्य विश्व में शांति और सद्भाव के मार्ग को प्रसस्त करना है। उन्होंने कहा कि माता-पिता, गुरूजन और अपने से बडों का आदर करना चाहिए, जिससे एक संस्कारी मानव बनने का मौका मिलता है और आगे बढ़ने में सहायता मिलती है। उन्होंने  भगवान से माफी मांगते हुए कहा अगर उनसे कोई गलती हुई होगी तो उन्हें माफ कर दे और हमेशा सद्बुद्धि एवं लोगों को भला करने की शक्ति प्रदान करें।

satsag1   स्वामी सरजू पंडित महाराज  जी ने बताया  कि महर्षि मेंही दास जी महाराज ने जनकल्याण के लिए संतमत को स्थापित किया था। लोगों को दहेज और बाल विवाह, नशा, चोरी आदि पापकर्मों से अलग होकर रहने की बात कहते हुए कहा कि ऐसे पापों से बचना चाहिए। उन्होंने प्रवचन के दौरान कहा कि मानव जीवन और समाज निर्माण कार्य में अपने जीवन को समर्पित करना ही सच्ची सेवा है। लोगों को संतों के बताए मार्ग पर सदैव चलने वाले सेवक ही मोक्ष की प्राप्ति संभव है।

मौके पर संतमत सत्सग में कुप्पाघाट से परम पूजनीय मनु बाबा ने प्रवचन के माध्यम से ग्रामीणों को सच्चाई के मार्ग पर चलने,नशा न करने झूठ ना बोलने तथा भगवान के आस्था पर अपने मधुर वचन से ग्रामीणों को संथाली से संबोधित किया ! स्वामी सरजु पंडित जी महाराज व ग्यारह अनुयायी सहित अन्य संत महात्माओं ने भी अपने अपने अमृतवाणी से सत्संग प्रेमियों के बीच प्रवचन करते हुए संतमत के सिद्धांत पर प्रकाश डाला। सत्संग स्थल पर सभी तरह की जरूरी व्यवस्था श्रद्धालुओं के लिए की गई थी। आयोजन समिति ने सत्संग स्थल पर भव्य पंडाल के निर्माण के साथ ही रोशनी,शौचालय,भंडारा,पेयजल,ठहराव की व्यवस्था की गई थी।

मौके पर हजारों की संख्या में क्षेत्रों व दूरदराजों से सत्संग प्रेमी पहुंचे हुए थे।सत्संग को सफल बनाने के लिए सभी सत्संग प्रेमी जुटे हुए थे। सत्संग का समापन सोमवार को शाम में संतों के प्रवचन,भजन,कीर्तन के साथ किया गया।
    -विलियम मरांड़ी ग्राम समाचार,बोआरीजोर(गोड्डा)।